बीमार हो जाना अपराध नहीं है. मीडिया ने और नेताओं ने सिर्फ अपनी नाकामी छिपाने के लिए कभी जमाती तो कभी कुछ और बता कर कोरोना पीड़ित को अपराधी के रूप में प्रस्तुत किया है. ये मानवता के विरुद्ध अपराध है.
मैं आज समाज के सभी लोगों से एक अपील करना चाहता हूं कि जब भी कभी आपके आसपास या पड़ोसी को कोराना के लक्षण मिलें या व्यक्ति या पड़ोसी को क्वारोटाइन या आइसोलेशन के लिए ले जाया जा रहा हो तो उसकी वीडियोग्राफी करके उसे आपराधिक बोध जैसा अनुभव कराने का प्रयास ना करें बल्कि अपने घर के दरवाजे से, बालकनी से या छत से आवाज लगाकर, हाथ उठाकर, हाथ हिलाकर उनका उत्साह बढ़ाएं,हर प्रकार से मदद करें और कहें कि आप जल्द ही ठीक होकर हमारे बीच में फिर से पहले जैसी जिंदगी शुरू करेंगे। उनके जल्द ठीक होकर घर वापसी के लिए शुभकामनाएं दें।
1. उनकी इज़्ज़त करें। नफ़रत नहीं
2. उनके लिए प्रार्थना करें।
3. उन्हें अच्छा पड़ोसी व मित्र होने का एहसास कराएं।
4. Get Well Soon कहें
जिससे वह अंदर से मज़बूत होकर सबके साथ फिर से जुड़े।
ऐसा करने से उन्हें अच्छा लगेगा साथ ही आपको भी शांति प्राप्त होगी क्योंकि इस स्थान पर हम में से कोई भी हो सकता है।
बीमारी दवा से कम और मनोबल से ज़्यादा ठीक होती है।
एक-दूसरे का मनोबल बढ़ाएं। ईश्वर से प्रार्थना करें सभी का मंगल हो। सभी स्वस्थ रहें। सबके जीवन में प्रेम और शांति की स्थापना हो। ❤️❤️❤️❤️
धन्यवाद। 🙏🙏
No comments:
Post a Comment